विदेश में रहने के बाद भी लोगों को देशवासियों की चिंता सता रही

 नोएडा। व्यक्ति भले ही नौकरी के सिलसिले में अपने देश से दूर चला जाए लेकिन उसका मन हमेशा अपनों के पास ही रहता है। अपने देश से दूर अमेरिका में रह रहे सिद्धार्थ को अपने देशवासियों की चिंता सता रही है। कोरोना वायरस के संक्रमण को देखते हुए अमेरिका के वाशिंगटन में रह रहे सिद्धार्थ अवस्थी ने बताया कि वह लगातार टीवी और अन्य माध्यमों के जरिये से अपने देश के हालात पर नजर बनाए हुए हैं। वह खुद केवल जरूरी सामान खरीदने के लिए ही अपने घर से बाहर जाते हैं। साथ ही उन्होंने भारत के लोगों से अपील की है कि लोग खुद से अपने आपको क्वॉरंटाइन करें, जिससे कोरोना वायरस के संक्रमण को रोका जा सके। उन्होंने भारत में सरकार के लॉकडाउन के फैसले को सराहनीय बताया है।


चीन के वुहान से फैले कोरोना वायरस ने अमेरिका को बुरी तरह से प्रभावित किया है। एक तरफ जहां अमेरिका में अब तक आठ लाख से अधिक लोग कोरोना से संक्रमित हैं। वहीं 43,000 से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है। सिद्धार्थ अवस्थी कानपुर के श्याम नगर के रहने वाले हैं। फिलहाल वह अमेरिका के वाशिंगटन की एक सॉफ्टवेयर कंपनी में कार्यरत हैं। उन्होंने बताया वह एक मार्च से वर्क फ्रॉम होम कर रहे हैं। वह अपने स्वजन और रिश्तेदारों को भी घर पर रहने की सलाह दे रहे हैं।



 


साथ ही सभी से अपील कर रहे हैं कि लॉकडाउन का पालन करें। लॉकडाउन के उल्लंघन की खबरों को देखते हुए उन्होंने कहा कि राज्य सरकारें और सख्त हो जाएं जिससे लोगों के मन में कार्रवाई का डर रहेगा। उन्होंने केंद्र सरकार के लॉकडाउन के फैसले को समय से लागू करना सराहनीय बताया है। प्रतिदिन कमाने खाने वाले फैक्ट्री के कर्मचारियों को देखते हुए सिद्धार्थ ने सरकार से अपील की है कि कर्मचारियों की ऐसी व्यवस्था बनाई जाए कि वह फैक्ट्री में काम करें और वहीं रहें। उन्हें बाहर न जाने दिया जाए। इससे कोरोना का खतरा भी नहीं होगा और उन्हें आर्थिक तंगी का सामाना नहीं करना पड़ेगा। लोगों से अपील करते हुए कहा कि खुद सुरक्षित रहें और लोगों को जागरूक कर कोरोना को हराने का प्रण लें।